​रुको मत, बढ़ते रहो

रुको मत, बढ़ते रहो MOTIVATIONAL STORY IN HINDI


एक सेठ किसी Urgent Meeting के लिए कहीं जा रहे थे।रास्ते में उन्हें एक भयंकर तूफ़ान ने आ घेरा, Driver ने सेठ से पूछा — अब हम क्या करें?सेठ ने जवाब दिया — Car चलाते रहो.तूफ़ान में Car चलाना बहुत ही मुश्किल हो रहा था, तूफ़ान और भयंकर होता जा रहा था. अब मैं क्या करू ? Driver ने पुनः पूछा.Car चलाते रहो. — सेठ ने पुनः कहा.थोड़ा आगे जाने पर Driver ने देखा की राह में कई वाहन तूफ़ान की वजह से रुके हुए थे……उसने फिर सेठ से कहा — मुझे Car रोक देनी चाहिए…….मुझे दिखाई भी अब बड़ी मुश्किल से दे रही है!!…….यह तूफान बहुत भयंकर है और और सभी ने अपनी गाड़ियां रोक दि हैं…….इस बार सेठ ने फिर निर्देशित किया — Car रोकना नहीं. बस चलाते रहो….अब तूफ़ान ने बहुत ही भयंकर रूप धारण कर लिया था किन्तु Driver ने Car चलाना नहीं छोड़ा……….और अचानक ही उसने देखा कि सब कुछ साफ़ दिखने लगा है………कुछ किलो मीटर आगे जाने के पश्चात Driver ने देखा कि तूफ़ान थम चूका है और सूरज भी निकल आया है…करेंअब सेठ ने कहा — अब तुम Car रोक सकते हो और बाहर आ सकते हो……..Driver ने पूछा — पर अब क्यों?सेठ ने कहा — जब तुम बाहर आओगे तो देखोगे कि जो राह में रुक गए थे, वे अभी भी तूफ़ान में फंसे हुए हैं…..चूँकि तुमने Car चलाने का प्रयत्न नहीं छोड़ा, तुम तूफ़ान के बाहर हो……यह किस्सा उन लोगों के लिए एक प्रमाण है जो कठिन समय से गुजर रहे हैं………मजबूत से मजबूत इंसान भी प्रयास छोड़ देते हैं……..किन्तु प्रयास कभी भी छोड़ना नहीं चाहिए…….निश्चित ही जिन्दगी के कठिन समय गुजर जायेंगे और सुबह के सूरज की भांति चमक आपके जीवन में पुनः आयेगी…….!!याद रखये — ऐसा नहीं है की जिंदगी बहुत छोटी है। दरअसल हम जीना ही बहुत देर से शुरू करते हैं!!

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